लखनऊ विकास प्राधिकरण ने गोमतीनगर के विनयखंड-पांच में 2500 वर्ग मीटर जमीन खाली कराई है। इसकी कीमत लगभग आठ करोड़ आंकी गई है। इस जमीन पर पिछले कई वर्षों से कब्जा था। इससे आवंटियों को भूखण्ड पर कब्जा नहीं मिल पा रहा था। 

जिलाधिकारी व एलडीए के वीसी अभिषेक प्रकाश के निर्देश पर नजूल अधिकारी आनंद कुमार सिंह, अधिशासी अभियंता पीएस मिश्रा, प्रवर्तन दल व बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंची। एलडीए की टीम को देखकर वहां हड़कम्प मच गया। लोगों ने विरोध करने की कोशिश की। लेकिन पुलिस बल व प्रवर्तन दल की सख्ती के कारण कोई सुनवाई नहीं हुई। टीम ने 2500 वर्ग मीटर जमीन को पूरी तरह से खाली करा लिया है। एलडीए के अभियंताओं के मुताबिक खसरा संख्या 530 व 533 की भूमि मात्र दो बिस्वा लगभग 250 वर्ग मीटर छोड़कर शेष जमीन प्राधिकरण की अर्जित भूमि है।

इस पूरी भूमि पर राम सनेही व अन्य ने अवैध कब्जा कर लिया था। इस जमीन पर टिनशेड डलवाकर उसे किराए पर उठाया गया था। जबकि एलडीए ने सियाराम, राजेंद्र और राम सहाय को भूखंड संख्या 5/157-बी, 5/157-सी और 5/157-डी पहले ही आवंटित कर दिया था। राम सनेही को आवंटित भूखंड संख्या 5/157-ए रजिस्ट्री नहीं हुई थी। अभियंताओं ने राम सनेही को आवंटित भूखंड का छोड़कर शेष सभी एलडीए की जमीन पर हुआ अवैध कब्जा हटवा दिए। बुलडोजर से सभी अवैध निर्माण ध्वस्त कर दिए गए।